गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फ़ायदे

Share Market: मल्टीबैगर स्टॉक की ऐसे करें पहचान, गिरते बाजार में होगी बंपर कमाई!

मुंबई। Share Market में निवेश करने वालों की संख्या करोड़ों में पहुंच गई है। ऐसे में यह संभव है कि आप भी शेयर बाजार में निवेश करते हों। मल्टीबैगर स्टॉक उस शेयर को कहते हैं जो निवेशकों को काफी कम सयम में कई गुना रिटर्न देता है। अगर आपने गिरता शेयर बाजार किसी 50 रुपये के शेयर में …

मुंबई। Share Market में निवेश करने वालों की संख्या करोड़ों में पहुंच गई है। ऐसे में यह संभव है कि आप भी शेयर बाजार में निवेश करते हों। मल्टीबैगर स्टॉक उस शेयर को कहते हैं जो निवेशकों को काफी कम सयम में कई गुना रिटर्न देता है। अगर आपने किसी 50 रुपये के शेयर में निवेश किया है और वह काफी कम समय में 700 रुपये हो गया तो इसे म्लटीबैगर स्टॉक कहते हैं।

Multibagger शब्द की शुरुआत सबसे पहले अमेरिका के निवेशक और म्युचुअल फंड मैनेजर पीटर लिंच ने की थी। लिंच बेसबॉल के फैन थे और Multibagger भी इसी खेल से निकला हुआ शब्द है। यह किसी बेसबॉल के खिलाड़ी के औसत से बेहतर प्रदर्शन को बताने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। जानकारों का कहना था कि लिंच ने टेनबैगर शब्द दिया था जिसका मतलब जो शेयर अपने मौजूदा प्राइस से काफी कम समय में 10 गुना बढ़ जाए। कोरोना के बाद भारत में मल्टीबैगर स्टॉक की कोई कमी नहीं है।

मल्टीबैगर स्टॉक की पहचान कैसे की जाए?

सक्षम और मजबूत प्रबंधन
कोई शेयर मल्टीबैगर तभी हो सकता है जब उसका मैनेजमेंट यानी प्रबंधन सक्षम और मजबूत हो। इसलिए किसी भी कंपनी के शेयर के चुनने से पहले उसका मौनेजमेंट देंखे। अगर वह सक्षम और मजबूत है तो वह शेयर मल्टीबैगर बन सकता है।

मजबूत प्रमोटर होल्डिंग
अगर कंपनी में प्रमोटर की होल्डिंग 50 फीसदी से अधिक है तो यह दर्शाता कि उस कंपनी पर प्रमोटर का विश्वास है। यानी वह कंपनी आगे तेजी से ग्रो करेगी और शेयर के भाव बढ़ेंगे।

कमाई में लगातार वृद्धि
अगर कंपनी की कमाई लगतार बढ़ रही है तो उस कंपनी के शेयर में आगे बढ़ने की पूरी उम्मीद है। इस तरह के शेयर का चुनाव मल्टीबैगर चुनते समय जरूर करें।

उच्च मार्जिन वाला कारोबार
मल्टीबैगर में उस तरह के शेयर चुनें जिस कंपनी का कारोबार उच्च मार्जिन वाला है। गिरता शेयर बाजार उच्च मार्जिन होने से कंपनी का मुनाफा तेजी से बढ़ेगा। इसका लाभ शेयर को होगा। शेयर का भाव तेजी से बढ़ेगा।

कर्ज का बोझ
किसी भी कंपनी में निवेश से पहले उसपर कर्ज का बोझ जरूर देंखे। अगर कंपनी पर कर्ज का बहुत ज्यादा बोझ है तो वह मल्टीबैगर नहीं बन सकता है।

बढ़ता कैश फ्लो
किसी कंपनी के प्रदर्शन का आकलन करने के लिए किसी कंपनी का नकदी प्रवाह सबसे सटीक पैमाना है। कैश फ्लो स्टेटमेंट भविष्य में कंपनी की कमाई बढ़ाने की क्षमता को निर्धारित करता है। अगर मैनेजमेंट कंपनी संचालन से नकदी उत्पन्न करने में सक्षम है, तो उसे अपने व्यवसाय को बढ़ाएगा। यानी उस कंपनी के शेयर मल्टीबैगर बन सकते हैं।

इंडस्ट्री की पहचान
मल्टीबैगर स्टॉक का चुनाव में इंडस्ट्री की पहचान बहुत जरूरी है। पहले यह आंकलन करें कि भविष्य में कौन सी इंडस्ट्री तेजी से बढ़ने वाली है। कौन से उद्योग मजबूत रूप से उभर रहे हैं और क्यों? किसी क्षेत्र के लिए विकास की संभावना क्या है और यह दूसरों से कैसे भिन्न है। फिर उस सेक्टर की कंपनी के शेयर की पहचान करें।

कंपनी का कारोबारी मॉडल
कोई भी स्टॉक मल्टीबैगर तभी बनता है जब उस कंपनी का कारोबारी मॉडल और उत्पाद की बाजार में मांग होती है। इसलिए ऐसी कंपनी का चुनाव करें, जिसके उत्पाद की जबरदस्त् मांग है या होने वाली है। साथ ही उसके कंपटीटर कम हो।

Stock Market Opening : गिरने के बाद संभला बाजार, इन शेयरों में तेजी

मुंबई. भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) ने सोमवार सुबह ट्रेडिंग की शुरुआत तो कमजोरी के साथ की लेकिन जल्‍द ही निवेशकों का भरोसा लौट आया और उन्‍होंने खरीदारी शुरू कर दी. आज सुबह सेंसेक्‍स करीब 250 अंक गिरने के बाद फिर बढ़त बनाने में कामयाब रहा. हालांकि, बाजार खुलने के समय इस पर ग्‍लोबल मार्केट का काफी दबाव दिखा.

सेंसेक्‍स आज सुबह 278 अंकों की गिरावट के साथ 62,016 पर खुला और कारोबार की शुरुआत हुई. निफ्टी भी 82 अंकों की गिरावट के साथ 18,431 पर खुला और ट्रेडिंग की शुरुआत हुई. निवेशक शुरुआत में तो ग्‍लोबल मार्केट के दबाव में दिखे और बिकवाली हावी रही, लेकिन जल्‍द ही उनका भरोसा लौट आया और खरीदारी शुरू कर दी. इससे सुबह 9.28 बजे सेंसेक्‍स 44 अंकों की बढ़त के साथ 62,337 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 12 अंकों की तेजी के साथ 18,524 पर कारोबार करने लगा.

इन शेयरों ने दिलाया मुनाफा

आज के कारोबार में निवेशकों ने शुरुआत से ही Hero MotoCorp, BPCL, Tata Motors, Bajaj Auto और Maruti Suzuki जैसी कंपनियों पर दांव लगाया और जमकर निवेश किया, जिसेस इन कंपनियों के स्‍टॉक टॉप गेनर की सूची में आ गए. वहीं, Hindalco Industries, HDFC, JSW Steel, HDFC Bank और Apollo Hospitals जैसी कंपनियों के शेयरों में बिकवाली हुई, जिससे ये टॉप लूजर की श्रेणी में पहुंच गए.

इन सेक्‍टर में दिखी गिरावट

आज के कारोबार को अगर सेक्‍टरवार देखें तो सबसे ज्‍यादा गिरावट मेटल इंडेक्‍स में दिख रही, जो 1 फीसदी के नुकसान पर ट्रेडिंग कर रहा है. हालांकि, ऑयल एंड गैस सेक्‍टर में आज शुरुआत से ही 1 फीसदी का उछाल दिख रहा है. आज के कारोबार में बीएसई मिडकैप और स्‍मॉलकैप पर भी 0.6 फीसदी का उछाल दिख रहा है.

एशियाई बाजार लाल निशान पर

एशिया के ज्‍यादातर शेयर बाजार आज सुबह गिरावट पर खुले और लाल निशान पर कारोबार कर रहे हैं. सिंगापुर स्‍टॉक एक्‍सचेंज पर आज गिरता शेयर बाजार सुबह 0.35 फीसदी की गिरावट दिख रही है, जबकि जापान के निक्‍केई पर 0.47 फीसदी की गिरावट है. ताइवान के शेयर बाजार में 1.23 फीसदी तो दक्षिण कोरिया के कॉस्‍पी पर 0.99 फीसदी का नुकसान दिख रहा है.

कोरोना के चलते शेयर मार्केट गिरने पर यूजर्स ने शेयर किए फनी वीडियो और मीम्स, लिखा- जिंदगी बर्बाद हो गई

नई दिल्ली. कोरोनावायरस के चलते दुनियाभर के बाजार लगातार गिर रहे हैं। सेंसेक्स और स्टॉक मार्केट अपने निचले स्तर पर पहुंच चुके हैं। भारत समेत दुनिया के 7 देशों के बाजारों में लोअर सर्किट लगा। इस वजह से बाजारों में कुछ समय के लिए ट्रेडिंग भी रोकनी पड़ी। जानकारों का कहना है कि 2008 के बाद यह दूसरी बार है, जब लोअर सर्किट के चलते बाजार को बंद करना पड़ा। गिरते बाजार को लेकर सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हो रही है। बड़ी संख्या में यूजर्स फनी वीडियो, मीम्स और जोक्स शेयर कर रहे हैं। #BlackFriday, #Sensex , #StockMarket, #StockMarketCrash2020 जैसे कई हैशटैग ट्विटर और फेसबुक पर ट्रेंड कर रहे हैं।

सत्या नाम के यूजर ने बैल के ऊपर सोए व्यक्ति की फोटो शेयर की। इसके जरिए गिरते मार्केट में इन्वेस्टर्स की हालात दिखाई गई।

अनमोल नाम के यूजर ने फनी मीम्स के जरिए स्टॉक मार्केट की हालत बताई।

यतो धर्मस्ततो जयः नाम से अकाउंट चला रहे यूजर ने वीडियो के जरिए कोरोनावायरस के असर और स्टॉक मार्केट की हालत दिखाई।

क्रिप्टो मून नाम के यूजर ने कोरोनावायरस और उसके चलते बाजारों पर पड़े प्रभाव को फनी वीडियो के जरिए शेयर किया।

शेयर बाजार अपडेट, 6 फरवरी 2018: 1,200 पॉइंट तक गिरने के बाद थोड़े सुधार के साथ बंद हुआ शेयर मार्केट

Sensex, Nifty, NSE, BSE Share/Stock Price Today: अमेरिकी मार्केट में गिरावट का असर भारत में भी देखने को मिला है। इसके अलावा आम बजट आने के बाद से लगातार शेयर बाजार में गिरावट देखी जा रही है।

शेयर बाजार अपडेट, 6 फरवरी 2018: 1,200 पॉइंट तक गिरने के बाद थोड़े सुधार के साथ बंद हुआ शेयर मार्केट

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार राहु और चंद्रमा से शेयर बाजार के लाभ और हानि निर्धारित होते हैं।

Share Market: मार्केट खुलते ही सेंसेक्स में करीब 1,000 पॉइंट से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली थी। मार्केट खुलने के बाद सेंसेक्स 1,200 अंक से ज्यादा गिर गया था। शेयर मार्केट बंद होते होते सेंसेक्स और निफ्टी में काफी सुधार देखने को मिला। सेंसेक्स 561.22 (1.61%) पॉइंट की गिरावट के साथ 34,195.94 अंक पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 168.30 (1.58%) अंकों की गिरावट के साथ 10,498.25 अंक पर बंद हुआ।

आपको बता दें कि 5 फरवरी 2018 को सेंसेक्स 450 अंकों की गिरावट के साथ 34,616 के स्तर पर खुला था। वहीं शुरुआती कारोबार में ही निफ्टी 10,600 के नीचे पहुंच गया था। सोमवार को सेंसेक्स 310 अंकों की गिरावट के साथ 34,757.16 पर बंद हुआ था, और निफ्टी 94.05 अंक गिरकर 10,666.55 पर बंद हुआ था। शेयर बाजार में लगातार जारी गिरावट को लेकर वित्त सचिव हसमुख अधिया ने सफाई दी थी और कहा था कि यह दीर्घकालिक पूंजीगत लाभ (एलटीसीजी) कर लगाने के कारण नहीं है बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में आई गिरावट के चलते है। अधिया ने कहा कि सरकार ने 10 प्रतिशत की “रियायती दर” से यह कर लगाया है।

सेंसेक्स में आज (6 फरवरी) करीब पौने तीन बजे थोड़ा सुधार देखा गया था। सेंसेक्स 394 अंको की गिरावट के साथ 34,362 अंकों पर और निफ्टी 124 अंको की गिरावट के साथ 10,545 पॉइंट पर था। वहीं दोपहर 12 बजे तक इसमें खास सुधार देखने को नहीं मिला था। सेंसेक्स 1,000 से ज्यादा पॉइंट नीचे था। वहीं 300 अंकों से ज्यादा निफ्टी में भी गिरावट दर्ज की गई थी। अमेरिकी मार्केट में गिरावट का गिरता शेयर बाजार असर भारत में भी देखने को मिला है। आम बजट आने के बाद से शेयर बाजार में लगातार गिरावट देखी जा रही है। सेसेक्स कारोबारी सप्ताह के दूसरे दिन करीब 33,760 पॉइंट पर खुला। वहीं निफ्टी में भी अच्छी खासी गिरावट देखने को मिली है। निफ्टी भी मार्केट खुलते ही करीब 300 पाइंट नीचे चला गया। निफ्टी शेयर मार्केट खुलते 10,360 अंक पर पहुंच गया।

सर्दी में इन 5 सब्जियों को भूलकर भी फ्रिज में नहीं रखें, बॉडी में ज़हर की तरह करती हैं असर, जानिए कैसे

Diabetes Control: डायबिटीज में मूंगफली खाना चाहिए या नहीं? इसका सेवन करने से ब्लड शुगर पर कैसा असर पड़ता है एक्सपर्ट से जानिए

1 फरवरी को वित्त मंत्री अरुण जेटली द्वारा बजट भाषण दिया गिरता शेयर बाजार जा रहा था उस वक्त भी शेयर बाजार टूट गया था। सेंसेक्स में 450 अंकों की बड़ी गिरावट देखने को मिली थी। लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन टैक्स लगाने की घोषणा के साथ ही सेंसेक्स अपने ऊपरी स्तर से काफी नीचे चला गया था। निफ्टी में भी 100 अंकों की बड़ी गिरावट देखने को मिली थी। पीएसयू बैंक इंडेक्स, मेटल और फार्मा इंडेक्स में सबसे ज्यादा गिरावट थी। पीएसयू बैंक इंडेक्स 0.87 फीसदी और मेटल और फार्मा इंडेक्स में 1.24 फीसदी की गिरावट देखी गई थी।

गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फायदे

गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फायदे हैं, बाजार मंदा हो और आपके SIP निवेश के रिटर्न नेगेटिवे हैं तो भावनाओं में घबरा कर SIP बंद करवाना कहां तक उचित है? वास्तव में SIP में निवेश का औचित्य क्या था? SIP केवल बढ़ते बाजार में फ़ायदा देती है या गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फायदे भी हैं?

गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फ़ायदे

गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फ़ायदे

गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फायदे

आज इसे जानने की कोशिश कारतें हैं कि ऐसे में SIP चालू रखनी चाहिए या बंद कर देनी चाहिए जब बाजार में मंदा छाया हो आपके SIP पर कुछ समय से घाटा हो रहा हो। SIP के बारे में अधिक जानकारी और अन्य पहलुओं को जानने के लिये SIP क्या है हमारा लेख विस्तार से पढ़ें। Benefits of continuation of SIP in down market in Hindi.

गिरते बाजार में SIP पर बनती है बेहतर औसत लागत

जब हम SIP यानी सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान शुरू करते हैं तो उसका एक ही उद्देश्य होता है कि बाजार में हो रही ऊँच नीच में हर लेवल पर हम निवेश कर पाएं। गिरते बाजार में SIP चालू रखने से लम्बी समय अवधि में फ़ायदा ही होगा। बाजार में हो रहे उतार चड़ाव की तरफ़ ध्यान ना दें और अपने SIP में निवेश को चालू रखें।

आम बात है तेजी और मंदी

निवेशकों को अपने SIP पर 5 से 10 साल तक की समय अवधि अपनानी चाहिए जिससे उन्हें बाजार का लाभ मिल सके। शेयर बाज़ार कई अप्स और डाउन दिखाएगा। यही उसकी फ़ितरत है। गिरते बाजार में SIP चालू रखने से आपके निवेश की औसत लागत बेहतर होती जाएगी जो कि लम्बी समय अवधि में आपके लिए लाभदायक ही होगी। कई बार बाजार असाधारण तेज़ी दिखाते हैं तो कई बार असाधारण गिरता शेयर बाजार मंदी। लम्बे समय में औसत रिटर्न हमेशा पोजोटिव हो जाते हैं जो कि GDP में कोरपोरटे ग्रोथ के अनुसार प्रदर्शन करने लगते हैं।

गिरते बाजार में है SIP निवेश का सही समय

एसआईपी शुरू करने का पहला उद्देश्य यही होता है कि अनुशशित तरीके से हम नियमित निवेश करते रहें। मंदे समय में निवेश जारी रखना फायदेमंद साबित होता है क्योंकि मंदी का समय ही निवेश के लिए बेहतर समय है।

कम्पाउंडिंग की शक्ति

कम्पाउंडिंग की गिरता शेयर बाजार शक्ति निवेश को तेज गति से बढ़ने में सहायक होती है। यदि आप बाजार के ऊँच नीच को भुला कर हर महीने नियमित निवेश करते हैं तो अपने निवेश को कम्पाउंडिंग की शक्ति से बढ़ता देख सकते हैं।

निर्णय लेने में सहायक

शेयर बाजार में निवेशक दो निर्णय नहीं कर पाता, कहां निवेश करें और कब निवेश करें। SIP में निवेश आपको यह दोनों निर्णय करने में सहायक हो जाता है। यह तो आप गिरता शेयर बाजार निर्धारित कर ही चुके हैं कि आपको म्यूचूअल फंड में निवेश करना है, आपका नियमित निवेश, कब निवेश करना है यह भी निर्धारित कर देता है। यदि आप SIP चालू रखते हैं तो हर गिरावट पर भी उसी तरह निवेश कर पाएंगे जैसे तेजी में किया था। गिरता शेयर बाजार ऊपर नीचे होते बाजार में कब निवेश करना है इसकी चिंता नहीं होती।

कितने समय तक जारी रखें SIP

विशेषज्ञों का मानना है कि SIP की समय अवधि 3,5,7 या 10 वर्ष तक रखें। या जिस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए आप निवेश कर रहे हैं उस लक्ष्य की प्राप्ति पर अपना SIP बंद कर सकते हैं। यदि आपके पास एक से अधिक वित्तीय लक्ष्य हैं तो सभी लक्ष्यों के लिए अलग अलग SIP शुरू करें और निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति पर उस SIP को बंद करवा दें।

अपनी SIP में एकमुश्त जमा करवाएँ

इस योजना में जिसमें आप एसआईपी चला रहे हैं एकमुश्त राशि जोड़ना लम्बे समय के लिए अच्छा हो सकता है। खासकर जब बाजार सुधारात्मक यानी करेक्शन के चरण में होते हैं। इससे आप कम एनएवी में अधिक यूनिट प्राप्त कर सकते हैं। ऐसी निवेश को टॉप अप कहा जाता है।

आपको समझ आ गया होगा गिरते बाजार में SIP चालू रखने के फायदे क्या हो सकते हैं और बाजार में ज्यादा जरूरी है नियमित और अनुशशित निवेश।

रेटिंग: 4.25
अधिकतम अंक: 5
न्यूनतम अंक: 1
मतदाताओं की संख्या: 793